कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। मंगलवार को भारत ने दो और सिल्वर मेडल अपने नाम किए, जबकि तीन मुक्केबाजों ने सेमीफाइनल में पहुंचकर देश के लिए कम से कम तीन पदक पक्के कर दिए। इसके साथ ही भारत के कुल पदकों की संख्या बढ़कर 12 हो गई है। हालांकि, मेडल टैली में ऑस्ट्रेलिया का दबदबा अब भी कायम है और भारत फिलहाल नौवें स्थान पर बना हुआ है।
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की मेडल टैली में ऑस्ट्रेलिया 78 पदकों के साथ शीर्ष पर है। ऑस्ट्रेलिया ने अब तक 35 गोल्ड, 18 सिल्वर और 27 ब्रॉन्ज मेडल जीते हैं। दूसरे स्थान पर कनाडा है, जिसके खाते में 13 गोल्ड, 10 सिल्वर और 12 ब्रॉन्ज समेत कुल 35 पदक हैं। इंग्लैंड 43 पदकों (10 गोल्ड, 18 सिल्वर, 15 ब्रॉन्ज) के साथ तीसरे स्थान पर है, जबकि मेजबान स्कॉटलैंड 15 पदकों (7 गोल्ड, 4 सिल्वर, 4 ब्रॉन्ज) के साथ चौथे नंबर पर मौजूद है। नाइजीरिया 6 गोल्ड समेत कुल 12 पदकों के साथ पांचवें स्थान पर है। भारत ने अब तक 2 गोल्ड, 7 सिल्वर और 3 ब्रॉन्ज सहित कुल 12 मेडल जीतकर टॉप-10 में अपनी जगह बरकरार रखी है और फिलहाल नौवें स्थान पर है।
कॉमनवेल्थ गेम्स 28 जुलाई 2026 मेडल टैली-
| स्थान | देश | स्वर्ण | रजत | कांस्य | कुल पदक |
|---|---|---|---|---|---|
| 1 | ऑस्ट्रेलिया | 35 | 18 | 27 | 80 |
| 2 | कनाडा | 13 | 10 | 12 | 35 |
| 3 | इंग्लैंड | 10 | 18 | 15 | 43 |
| 4 | स्कॉटलैंड | 7 | 4 | 3 | 14 |
| 5 | नाइजीरिया | 6 | 4 | 2 | 12 |
| 6 | मलेशिया | 5 | 2 | 3 | 10 |
| 7 | दक्षिण अफ्रीका | 4 | 6 | 5 | 15 |
| 8 | न्यूजीलैंड | 3 | 7 | 3 | 13 |
| 9 | भारत | 2 | 7 | 3 | 12 |
| 10 | जमैका | 2 | 0 | 0 | 2 |
| 11 | वेल्स | 1 | 3 | 6 | 10 |
| 12 | केन्या | 1 | 2 | 2 | 5 |
| 13 | जर्सी | 1 | 1 | 0 | 2 |
| 14 | कैमरून | 1 | 0 | 0 | 1 |
| 15 | साइप्रस | 0 | 3 | 2 | 5 |
| 16 | नॉर्दर्न आयरलैंड | 0 | 1 | 3 | 4 |
| 17 | घाना | 0 | 1 | 0 | 1 |
| 17 | समोआ | 0 | 1 | 0 | 1 |
| 17 | सिंगापुर | 0 | 1 | 0 | 1 |
| 17 | युगांडा | 0 | 1 | 0 | 1 |
| 21 | नाउरू | 0 | 0 | 2 | 2 |
| 22 | आइल ऑफ मैन | 0 | 0 | 1 | 1 |
| 22 | पापुआ न्यू गिनी | 0 | 0 | 1 | 1 |
| 22 | रवांडा | 0 | 0 | 1 | 1 |
भारत की जीत बरकरार
मंगलवार को भारत के लिए पहला सिल्वर मेडल महिला वेटलिफ्टिंग में हरजिंदर कौर ने दिलाया। उन्होंने 71 किलोग्राम वर्ग में कुल 227 किलोग्राम भार उठाया। हरजिंदर ने स्नैच में 101 किलोग्राम और क्लीन एंड जर्क में 126 किलोग्राम वजन उठाकर रजत पदक अपने नाम किया। वहीं, एथलेटिक्स में गुलवीर सिंह ने पुरुषों की 10,000 मीटर दौड़ 27 मिनट 49.78 सेकंड में पूरी करते हुए सिल्वर मेडल जीता। इसके साथ ही वो कॉमनवेल्थ गेम्स की इस स्पर्धा में पदक जीतने वाले पहले भारतीय एथलीट बन गए।
क्या बदलेगा भारतीय खिलाड़ीयों का पदक रंग?
मुक्केबाजी में भी भारत का दबदबा देखने को मिला। प्रीति, प्रिया और जादुमणि सिंह ने अपने-अपने क्वार्टर फाइनल मुकाबले जीतकर सेमीफाइनल में जगह बना ली। कॉमनवेल्थ गेम्स के नियमों के अनुसार सेमीफाइनल में पहुंचने वाले दोनों हारने वाले मुक्केबाजों को भी ब्रॉन्ज मेडल दिया जाता है। ऐसे में इन तीनों भारतीय मुक्केबाजों ने देश के लिए कम से कम तीन पदक पहले ही सुनिश्चित कर दिए हैं। अब उनकी नजर फाइनल में पहुंचकर पदक का रंग बदलने पर होगी।






