– आरोपी पूर्व में आंध्रप्रदेश (विजयनगर 06 किलोग्राम सोने के आभूषण), उडीसा (500 ग्राम सोने के आभूषण), दिल्ली (18.5 किलोग्राम सोने के आभूषण) सहित छ.ग. के राजनांदगांव, कबीरधाम, दुर्ग, रायपुर, बिलासपुर के ज्वेलरीशॉप/कपड़ा दुकान में कर चुका है करोड़ों की चोरी।
– बिलासपुर जेल से छूटते ही अगले दिन रायपुर के थाना सिविल लाईन एवं मौदहापारा क्षेत्र के कुल 04 दुकानों के छत को तोड़कर चोरी की घटनाओं को दिया था अंजाम।
– आरोपी के विरूद्ध थाना सिविल लाईन एवं मौदहापारा में है अपराध पंजीबद्ध।
– आरोपी ने चोरी की अन्य दर्जनभर घटनाओं को अंजाम देना स्वीकारा है, जिसके संबंध में की जा रही है विस्तृत पूछताछ।
– हजारो सीसीटीव्ही कैमरों व तकनीकी विश्लेषण के आधार पर किया गया था आरोपी को चिन्हांकित।
– पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) श्री स्मृतिक राजनाला एवं पुलिस उपायुक्त (मध्य क्षेत्र) श्री उमेश प्रसाद गुप्ता के सतत् मॉनिटरिंग मंे एण्टी क्राईम एण्ड साईबर यूनिट तथा थाना सिविल लाईन पुलिस की संयुक्त कार्यवाही।
प्रार्थी शिव कुमार वर्मा ने थाना सिविल लाइन में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी लब-डब नामक कपड़े की दुकान, माता गैराज के पास पंडरी, सिविल लाइन क्षेत्र में स्थित है। दिनांक 31.01.2026-01.02.2026 की दरम्यानी रात अज्ञात आरोपी द्वारा दुकान का छप्पर तोड़कर प्रवेश किया गया और गल्ले से लगभग 2,75,000/- रूपये नगदी रकम चोरी कर ली गई। इसी दौरान पास की नोवा फर्नीचर दुकान से लगभग 1,40,000/- रूपये तथा डिजाइनर सेनिटेशन एवं हार्डवेयर दुकान से लगभग 2,85,000/- की नगदी भी छप्पर तोड़कर चोरी की गई। इस प्रकार अज्ञात आरोपी तीनों दुकानों से कुल 7,00,000/- नगदी रकम चोरी कर ले गया था, कि प्रार्थी की रिपोर्ट पर अज्ञात आरोपी के विरूद्ध थाना सिविल लाईन में अपराध क्रमांक 56/26 धारा 331(4), 305 बीएनएस का अपराध पंजीबद्ध किया गया।
चोरी की घटनाओं के मद्देनजर कमीश्नर रायपुर डॉ. संजीव शुक्ला एवं अतिरिक्त पुलिस कमीश्नर श्री अमित तुकाराम कांबले के मागर्दशन में उक्त घटनाओं को पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) श्री स्मृतिक राजनाला एवं पुलिस उपायुक्त (मध्य क्षेत्र) श्री उमेश प्रसाद गुप्ता द्वारा गंभीरता से लेते हुए अपने अधीनस्थ अधिकारियों को अज्ञात आरोपी की पतासाजी कर शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए गए। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट एवं थाना सिविल लाइन पुलिस की संयुक्त टीम गठित कर घटना स्थलों का निरीक्षण किया गया तथा संबंधित प्रार्थियों से विस्तृत पूछताछ कर अज्ञात आरोपी की तलाश प्रारंभ की गई।
तरीका वारदात के आधार पर यह प्रतीत हो रहा था कि तीनों चोरी की घटनाओं को एक ही आरोपी द्वारा अंजाम दिया गया है। इसके फलस्वरूप टीम के सदस्यों द्वारा घटना स्थलों एवं आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेजों का सूक्ष्मता से अवलोकन किया गया तथा मुखबिर सक्रिय किया गया। साथ ही हाल ही में जेल से रिहा हुए चोरी के आरोपियों एवं पूर्व में चोरी के मामलों में संलिप्त आरोपियों के संबंध में जानकारी एकत्र कर अज्ञात आरोपी की पहचान सुनिश्चित करने के प्रयास किए गए।
प्राप्त सीसीटीव्ही फुटेज एवं तकनीकी विश्लेषण के आधार पर एण्टी क्राईम एण्ड सायबर यूनिट द्वारा संग्रहित डेटा बेस से मिलान करने पर आरोपी की पहचान शातिर चोर लोकेश श्रीवास के रूप में हुई। एण्टी क्राईम एण्ड सायबर यूनिट की टीम को मुखबीर से सूचना प्राप्त हुई कि आरोपी लोकेश श्रीवास कुछ ही दिन पूर्व जेल से रिहा हुआ था। प्राप्त जानकारी के आधार पर लोकेश श्रीवास की पतासाजी की गई जिस पर टीम के सदस्यांे द्वारा आरोपी को गिरफ्तार किया गया। साक्ष्यों के आधार पर कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी लोकेश श्रीवास द्वारा उक्त चोरी की घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया गया।
चोरी की अन्य घटनाओं के संबंध में पूछताछ करने पर आरोपी द्वारा थाना मौदहापारा क्षेत्र के के.के.रोड़ गली नंबर 02 स्थित जया आटो मोबाईल दुकान के छत को तोड़कर अंदर प्रवेश कर चोरी करना भी बताया गया है, जिसमें आरोपी के विरूद्ध थाना मौदहापारा में अपराध क्रमांक 25/26 धारा 331(4), 305 बीएनएस का अपराध दर्ज है।
आरोपी को गिरफ्तार कर कब्जे से चोरी की नगदी रकम 79,500/- रूपये तथा 01 नग मोबाईल फोन तथा घटना से संबंधित 01 नग मोबाईल फोन जुमला कीमती लगभग 1,00,000/- रूपये जप्त कर आरोपी के विरूद्ध कार्यवाही किया गया।
लोकेश के चर्चित मामलों में आंध्र प्रदेश के विजयनगर स्थित ज्वेलरी की दुकान से छह किलो सोना चुराया। उड़ीसा में ज्वेलरी शॉप से 500 ग्राम सोने के जेवरात, राजनांदगांव के गंडई से सात लाख कीमत के सोने-चांदी के जेवर, दुर्ग के पारख ज्वेलर्स से लगभग चार करोड रुपए के हीरे, सोने- चांदी के जेवर, दुर्ग स्थित बजाज शोरूम से नौ लाख की चोरी जैसे मामले शामिल रहा हैं।
लोकेश श्रीवास प्रदेश सहित भारत के अन्य राज्यों में अब तक चोरी की लगभग 02 दर्जन से अधिक घटनाओं को अंजाम दे चुका है।
गिरफ्तार आरोपी – लोकेश श्रीवास उर्फ गोलू पिता कपिल श्रीवास उम्र 35 साल निवासी कैलाश नगर विवेकानंद स्कुल के पास थाना कोतवाली जिला कबीरधाम।





