वृंदावन हॉल, सिविल लाइन, रायपुरजमाअत-ए-इस्लामी हिंद की राष्ट्रीय अभियान के अंतर्गत छत्तीसगढ़ राज्य स्तर पर “आदर्श समाज—आदर्श पड़ोस” विषय पर एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम का आयोजन 27 नवंबर की शाम वृंदावन हॉल, सिविल लाइन रायपुर में किया गया।इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य हमसाये (पड़ोसी) की सही समझ विकसित करना और समाज को आधार देने वाले कर्मियों को सम्मानित करना था।जमाअत-ए-इस्लामी हिंद ने बताया कि हमसाये सिर्फ दरवाज़े के पास रहने वाले पड़ोसी ही नहीं, बल्कि वे सभी लोग हैं जो हमारी रोजमर्रा की ज़िंदगी को सुचारू बनाते हैं, जैसे—सफाई कर्मी /सफाई मित्रअख़बार वितरक/हाॅकरदूध सप्लाई करने वालेसब्जी विक्रेताघर में काम करने वालीऔर समाज की व्यवस्था को चलाने वाले अन्य कर्मीये सभी लोग समाज की रीढ़ हैं। इनके बिना कोई भी समाज सही रूप से संचालित नहीं हो सकता। इसी सोच के तहत “हुक़ूक़-ए-हमसाया” मुहिम के अंतर्गत इन सभी सहयोगियों को प्रशस्ति पत्र और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।





